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जिनके सपनों में जान होती है, पंख से कुछ नहीं होता, हौसलों से उड़ान होती है, पढ़िए आकाशवाणी रेडियों गायक मनमोहन शर्मा के जीवन की कहानी

द न्यूज़9 डेस्क।कटनी। जनपद पंचायत बहोरीबंद के अंतर्गत आने वाली ग्राम बहोरीबंद में आकाशवाणी रेडियों गायक मनमोहन शर्मा का जन्म हुआ और बेहद गरीबी में पले- बढे। इतनी गरीबी होने के बाद भी मेहनत करना नहीं छोड़ा एवं निराश कभी नहीं हुए अर्जुन की भांति अपने लक्ष्य में लगे रहे। बचपन में पिता का साया सिर से उठ गया,सारी जिम्मेदारी माता जी के ऊपर आ गई ,रोजगार का कोई सहारा नहीं था माता जी ने इतनी गरीबी होने के बाद भी हार नहीं मानी और बच्चों का पालन- पोषण किया। 16 बार आकाशवाणी रेडियों गायकी की प्रतिस्पर्धा में भाग लिया पर सफलता हाथ नहीं लगी, पर हार मानने वालों में से कहां थे जितनी बार सफलता नहीं मिलती थी मेहनत उतनी ज्यादा तेज हो जाती थी अगर कहावत कहीं जाए तो मनमोहन शर्मा के ऊपर प्रत्यक्ष बैठती हैं, कि- मंजिल उन्हीं को मिलती है, जिनके सपनों में जान होती है, पंख से कुछ नहीं होता, हौसलों से उड़ान होती है। 17 बार आकाशवाणी रेडियों गायकी की प्रतिस्पर्धा में भाग लिया पर इस बार प्रतिस्पर्धा में कलाकारी के दिग्गज भी शामिल थे पर ईश्वर को तो कुछ और ही मंजूर था आखिरकार मनमोहन शर्मा का आकाशवाणी रेडियों गायकी की प्रतिस्पर्धा में चयन हों ही गया। मनमोहन शर्मा का कहना हैं ,कि- हमने गरीबी को देखा नहीं बल्कि गरीबी को जिया है, पर उनका मानना है कि गरीबी अमीरी जीवन के दो पहलू हैं गरीबी में व्यक्ति को रास्ता नहीं भटकना चाहिए अमीरी में व्यक्ति को घमंड नहीं होना चाहिए चंद दिनों के लिए इस संसार में आए हैं चंद दिनों के बाद इस संसार से चले जाएंगे तो फिर घमंड या किसी की निंदा करना अच्छी बात नहीं जितने दिन इस संसार में है हम अपने कार्यों के द्वारा समाज को एक नई दिशा एवं दशा देनी चाहिए। हम इस संसार में रहे या ना रहे पर कुछ ऐसा करके जाएं की सांसारिक लोग हमको हमेशा याद करते रहे इस संसार में ना रहने के बाद भी हम कहीं ना कहीं उनकी यादों में जिंदा रहे।
गौरतलब हैं, कि मनमोहन शर्मा की सबसे खास बात यह हैं कि मनमोहन शर्मा खुद के हस्तलिखित गीत ही गाते हैं। 25 वर्षों तक शिक्षा के क्षेत्र में खुद का विश्वविद्यालय चलाकर सेवाएं दी उनके पढ़ाऐ हुये अनेको बच्चे सरकारी पदों में पदस्थ हैं। मनमोहन शर्मा ने जिस- जिस क्षेत्र में कार्य किया उन- उन क्षेत्र में एक अलग ही छवि छोड़ी हैं।

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